योगी सरकार के छह माह में एक लाख भर्ती के संकल्प में शिक्षा क्षेत्र की 17 प्रतिशत हिस्सेदारी
उत्तर प्रदेश के युवाओं को पारदर्शी एवं समयबद्ध ढंग से रोजगार के अधिक से अधिक अवसर उपलब्ध कराने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में श्मिशन रोजगारश् तीव्र गति से आगे बढ़ रहा है। छह माह में एक लाख सरकारी पदों पर भर्ती के संकल्प को धरातल पर उतारने के लिए विभिन्न विभागों में चयन प्रक्रिया में तेजी लाई गई है। इसी क्रम में अकेले शिक्षा क्षेत्र में 17,059 पदों पर भर्ती की प्रक्रिया को गति प्रदान की गई है। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग, प्रयागराज द्वारा वर्ष 2026 में जारी विज्ञापनों में उच्च शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा और बेसिक शिक्षा विभाग के महत्वपूर्ण पदों को शामिल किया गया है। इन भर्तियों से जहां एक ओर प्रदेश के युवाओं को सरकारी सेवा में आने का सुनहरा अवसर प्राप्त होगा, वहीं दूसरी ओर शिक्षण संस्थानों को दक्ष एवं आवश्यक मानव संसाधन उपलब्ध होगा।
उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग के अध्यक्ष प्रशांत कुमार ने बताया कि आयोग की प्राथमिकता पारदर्शी और शुचितापूर्ण चयन प्रक्रिया के माध्यम से समयबद्ध नियुक्तियां संपन्न कराना है। उच्च शिक्षा विभाग में कुल 2,047 पदों के लिए प्रक्रिया जारी है, जिसमें प्राचार्य के 111 पद और सहायक आचार्य (असिस्टेंट प्रोफेसर) के 1,936 पद विज्ञापित किए गए हैं। सहायक आचार्य पदों के लिए लिखित परीक्षा 19 और 20 नवंबर 2026 को प्रस्तावित की गई है, जिससे विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक वातावरण सुनिश्चित होगा।
माध्यमिक शिक्षा विभाग में कुल 3,504 पदों पर चयन प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है। इसमें सहायक अध्यापक के 897 पद तथा प्रवक्ता (पीजीटी) के 2,607 पद शामिल हैं। सहायक अध्यापक पद हेतु परीक्षा 03 एवं 04 दिसंबर 2026 को तथा प्रवक्ता पद हेतु परीक्षा 15 एवं 16 दिसंबर 2026 को आयोजित किया जाना प्रस्तावित है।
प्रस्तावित भर्तियों में सबसे बड़ा हिस्सा बेसिक शिक्षा विभाग का है, जहां प्राथमिक विद्यालयों में सहायक अध्यापक प्राथमिक शहरी (अर्बन) के 11,508 रिक्त पदों पर भर्ती निकाली गई है। इन पदों के लिए भी परीक्षा 03 और 04 दिसंबर 2026 को प्रस्तावित की गई है। इसके अतिरिक्त बेसिक शिक्षा विभाग में विशेष शिक्षक पात्रता परीक्षा (स्पेशल टीईटी) का भी आयोजन किया जा रहा है।
छह माह में एक लाख सरकारी नौकरियों के लक्ष्य में अकेले शिक्षा क्षेत्र के विज्ञापित 17,059 पद लगभग 17 प्रतिशत की भागीदारी सुनिश्चित करते हैं। इनमें 11,508 प्राथमिक सहायक अध्यापक, 2,607 प्रवक्ता, 1,936 सहायक आचार्य, 897 माध्यमिक सहायक अध्यापक तथा 111 प्राचार्य के पद शामिल हैं। प्राथमिक से लेकर उच्च शिक्षा तक के स्तरों पर बड़े पैमाने पर हो रही इन नियुक्तियों से प्रदेश के युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार खुलेंगे और विद्यालयों से लेकर विश्वविद्यालयों तक की पूरी शिक्षा व्यवस्था सुदृढ़ होगी।




