सीएम योगी ने गोरखपुर को दी 1055 करोड़ की सौगात, कचरे के ढेर पर बना ईको पार्क बना आकर्षण का केंद्र

News India Live, Digital Desk: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने गृह जनपद गोरखपुर को विकास की एक और बड़ी सौगात दी है। गुरुवार को राप्ती तट पर आयोजित एक भव्य कार्यक्रम में सीएम ने कुल 1055 करोड़ रुपये की 470 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि गोरखपुर अब अपनी पुरानी पहचान छोड़कर एक आधुनिक और स्वच्छ शहर के रूप में उभर रहा है। कार्यक्रम का सबसे बड़ा आकर्षण ‘एकला बांध’ पर बना नया ईको पार्क रहा, जिसे कभी शहर के कचरे के ढेर (लैंडफिल साइट) के रूप में जाना जाता था।कचरे से कंचन: 40 एकड़ में फैला भव्य ईको पार्कमुख्यमंत्री ने जिस ईको पार्क का उद्घाटन किया, वह ‘वेस्ट टू वेल्थ’ का बेहतरीन उदाहरण है। करीब 2.26 लाख मीट्रिक टन पुराने कचरे का वैज्ञानिक निस्तारण कर इस 40 एकड़ जमीन को एक सुंदर पर्यटन स्थल में बदल दिया गया है। करीब 5 करोड़ की लागत से बने इस पार्क में वॉकिंग ट्रैक, योग और ध्यान केंद्र के साथ बच्चों के लिए विशेष प्ले एरिया बनाया गया है। कभी बदबू और गंदगी के लिए बदनाम यह इलाका अब शहर का नया ‘फेफड़ा’ बनेगा।स्मार्ट सिटी और सड़कों का बिछेगा जाल1055 करोड़ के इस पिटारे में शहर की कनेक्टिविटी सुधारने पर विशेष जोर दिया गया है:CM ग्रिड योजना: इसके तहत गणेश चौक से यूनिवर्सिटी चौक और बेतियाहाता से शास्त्री चौक जैसी 6 प्रमुख सड़कों को ‘स्मार्ट रोड’ के रूप में विकसित किया जाएगा।ड्रेनेज सिस्टम: जलभराव की समस्या से निपटने के लिए गुलरिहा थाना से चिलुआ ताल तक 123 करोड़ की लागत से स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज सिस्टम बनाया जाएगा।ग्रीन बेल्ट: नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम के तहत शहर के विभिन्न वार्डों में मिनी फॉरेस्ट और ग्रीन बेल्ट विकसित करने के लिए 35 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।’स्वच्छ स्कूल अभियान’ का भी हुआ आगाजविकास कार्यों के साथ-साथ सीएम योगी ने ‘स्वच्छ भारत मिशन 2.0’ के तहत ‘स्वच्छ स्कूल अभियान’ की भी शुरुआत की। इस अभियान के जरिए छात्रों में स्वच्छता, जल संरक्षण और बेहतर व्यवहार के प्रति जागरूकता पैदा की जाएगी। स्कूलों की सफाई व्यवस्था के आधार पर उन्हें ‘स्टार रेटिंग’ दी जाएगी, जिससे शिक्षा के साथ-साथ स्वास्थ्य और स्वच्छता का वातावरण भी सुदृढ़ होगा।जनता दर्शन में सुनीं समस्याएंपरियोजनाओं के लोकार्पण से पहले मुख्यमंत्री ने गोरखनाथ मंदिर में ‘जनता दर्शन’ भी किया। उन्होंने दूर-दराज से आए फरियादियों की समस्याएं सुनीं और अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि किसी भी गरीब या असहाय की जमीन पर दबंगों का कब्जा नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि विकास का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना ही उनकी सरकार की प्राथमिकता है।



