यूपी में आसमान से बरसेगी आग लखनऊ समेत इन जिलों में लू का रेड अलर्ट, पारा 43 डिग्री के पार

News India Live, Digital Desk: उत्तर प्रदेश में गर्मी ने अपने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। अप्रैल का महीना अभी खत्म भी नहीं हुआ है और प्रदेश के कई जिलों में तापमान ने रिकॉर्ड तोड़ना शुरू कर दिया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने लखनऊ और आसपास के इलाकों के लिए भीषण ‘हीटवेव’ (Heatwave) का अलर्ट जारी किया है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, आने वाले 48 घंटों में राजधानी लखनऊ का पारा 43 डिग्री सेल्सियस के पार जा सकता है, जिससे लोगों को घर से बाहर निकलना दूभर हो जाएगा।भीषण गर्मी और लू का ‘रेड अलर्ट’लखनऊ स्थित आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ के कमजोर पड़ने और पछुआ हवाओं के जोर पकड़ने के कारण उत्तर प्रदेश के मध्य और पश्चिमी हिस्सों में लू का प्रकोप बढ़ेगा। विभाग ने अगले 3 से 4 दिनों के लिए रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। दोपहर के समय गर्म हवाएं (लू) चलने की आशंका है, जिसकी गति 20 से 30 किलोमीटर प्रति घंटा तक हो सकती है। प्रयागराज, झांसी, आगरा और कानपुर जैसे जिले सबसे ज्यादा तपेंगे।इन जिलों में सबसे बुरा हालमौसम विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक, केवल लखनऊ ही नहीं बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश में गर्मी का सितम जारी रहेगा।झांसी और आगरा: यहाँ तापमान 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुँचने की संभावना है।प्रयागराज और वाराणसी: गंगा किनारे के इन इलाकों में उमस भरी गर्मी लोगों को बेहाल करेगी।नोएडा और गाजियाबाद: दिल्ली-एनसीआर से सटे इन इलाकों में भी पारा 42 डिग्री के आसपास बना रहेगा।डॉक्टरों की सलाह: दोपहर 12 से 4 बजे तक रहें सावधानभीषण गर्मी को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने भी एडवाइजरी जारी की है। डॉक्टरों का कहना है कि दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच सीधी धूप में निकलने से बचें। हीट स्ट्रोक (लू लगना) से बचने के लिए ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं और सूती कपड़े पहनें। स्कूली बच्चों और बुजुर्गों के लिए यह गर्मी जानलेवा साबित हो सकती है, इसलिए विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।कब मिलेगी राहत?मौसम विभाग का कहना है कि फिलहाल एक हफ्ते तक गर्मी से राहत मिलने के कोई आसार नहीं हैं। आसमान साफ रहेगा और तेज धूप के कारण तापमान में और बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है। हालांकि, मई के पहले हफ्ते में धूल भरी आंधी चलने की संभावना है, जिससे तापमान में मामूली गिरावट आ सकती है, लेकिन तब तक यूपी वासियों को इस ‘अग्निपरीक्षा’ से गुजरना ही होगा।



