एआरसीआई ने आंतरिक दहन इंजनों की ईंधन दक्षता में सुधार के लिए प्रौद्योगिकी विकसित की – Online Latest News Hindi News , Bollywood News
Breaking News
Home » देश-विदेश » एआरसीआई ने आंतरिक दहन इंजनों की ईंधन दक्षता में सुधार के लिए प्रौद्योगिकी विकसित की

एआरसीआई ने आंतरिक दहन इंजनों की ईंधन दक्षता में सुधार के लिए प्रौद्योगिकी विकसित की

नई दिल्ली: विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग (डीएसटी) के एक स्वायत्त अनुसंधान और विकास केन्द्र, इंटरनेशनल एडवांस्ड सेंटर फॉर पाउडर मेटलर्जी एंड न्यू मटेरियल्स (एआरसीआई) ने एक अल्ट्राफास्ट लेजर सरफेस टेक्सचरिंग तकनीक विकसित की है, जो आंतरिक दहन इंजनों की ईंधन दक्षता में सुधार कर सकती है।

माइक्रो-सरफेस टेक्सचर के आकार, बनावट और घनत्व को सटीक नियंत्रण प्रदान करने वाली लेजर सरफेस माइक्रो-टेक्सचरिंग घर्षण और घिसाव पर प्रभावशाली रूप से नियंत्रण बनाती है। इस तकनीक में, एक स्पंदित लेजर बीम के माध्यम से बेहद नियंत्रित तरीके से वस्तुओं की सतह पर सूक्ष्म-गर्तिका अथवा खांचे का निर्माण किया जाता है। इस तरह के टेक्सचर, ड्राई स्लाईडिंग स्थितियों में और तेल की आपूर्ति (स्नेहक टंकी) को बढ़ाने जैसे प्रभावों को भी नियंत्रित करते हैं और यह घर्षण गुणांक को कम करते हुए घिसने की दर को कम कर सकते हैं।

टेक्सचर सरफेसों का निर्माण 100 एफएस पल्स ड्यूरेशन लेजर का उपयोग करते हुए ऑटोमोटिव आंतरिक दहन इंजन पुर्जों, पिस्टन रिंग्स और सिलेंडर लाइनर्स पर किया गया था। लगभग 5-10 माइक्रोन डीप और 10-20 माइक्रोन व्यास की सूक्ष्म-गर्तिका को लेजर बीम के माध्यम से नियमित पैटर्न का उपयोग करते हुए बनाया गया हैं। निर्मित किए गए टेक्सचर का इंजन परीक्षण रिंग में शीतलक और स्नेहक तेल के साथ विभिन्न गतियों और तापमान पर परीक्षण किया गया, और यह देखा गया कि पिस्टन रिंग्स पर इस टैक्सचर के उपयोग से स्नेहक ईंधन की खपत में 16% की कमी आई। 10 घंटे की ल्यूब ऑयल खपत परीक्षण से पता चलता है कि टैक्सचर रिंग्स में लगने वाले  घर्षण में भी काफी कमी हुई है।

वस्तुओं की सतह पर सूक्ष्म-गर्तिका अथवा खांचे के पैटर्न के निर्माण से सतह स्थलाकृति में परिवर्तन होता है जो अतिरिक्त हाइड्रोडाइनामिक दबाव उत्पन्न करता है, जिससे सतहों की भार-वहन क्षमता बढ़ जाती है। इसलिए यह ड्राई स्लाइडिंग स्थितियों और ईंधन की आपूर्ति (स्नेहक टंकी) को बढ़ाने जैसे प्रभावों को भी नियंत्रित करने के साथ-साथ घर्षण गुणांक को भी कम करते हुए घिसने की दर कम कर देते हैं।

घर्षण को नियंत्रित करने के लिए, शुष्क और स्नेहक स्थिति में अनुरूप या गैर-अनुरूप संपर्क के दौरान कार्य करने वाले तंत्र को समझना अत्यंत महत्वपूर्ण है। यह अल्ट्राफास्ट लेजर वैक्यूम रहित स्थितियों के बिना ही माइक्रो अथवा नैनो विशेषताओं का निर्माण करती है। ये विशेषताएं डिफरेक्शन-लिमिटेड लेजर फोकल स्पॉट डायमीडर की तुलना में छोटी हैं-जो एक अल्ट्रशॉर्ट डयूरेशन लेजर-मैटर इंटरैक्शन की यूनिक प्रॉपर्टी है। यह प्रक्रिया एक थर्मल है, और पल्स डयूरेशन थर्मल डिफ्यूजन टाईम्स की तुलना में मैग्नीट्यूड के क्रम में छोटी हैं।

http://164.100.117.97/WriteReadData/userfiles/image/image001M74B.jpg

चित्र 1: फैमटोसैकेंड लेजर सरफेस टेक्सचरिंग (डिम्पल्स (ग्रूब्स और  (क्रास-हैचिस

http://164.100.117.97/WriteReadData/userfiles/image/image002WHUX.jpg

चित्र 2: (क) विभिन्न टेक्सचर्ड सैम्पल्स का बॉल-ऑन-डिस्क परीक्षण और () टेक्सचर्ड पिस्टन रिंग्स का इंजन परीक्षण

About admin